“Uttar Pradesh Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana”, जो शिल्पकला के जीवन स्तर और उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार लाने के लिए शुरू की गई है। इस योजना के तहत, 60 साल या उससे अधिक उम्र के शिल्पकारों को हर महीने 500 रुपये की पेंशन दी जाती है। महिला हस्तशिल्पियों और विकलांग हस्तशिल्पियों को 5 साल की छूट भी मिलती है। Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सेवानिवृत्ति की आयु तक पहुंच चुके हथकरघा कारीगरों को वित्तीय सहायता प्रदान करने के लिए एक स्वागत योग्य पहल है। यह योजना इन कारीगरों और उनके परिवारों की आजीविका को बेहतर बनाने में मदद करेगी। उत्तर प्रदेश में, UP Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana की शुरुआत साल 2007-08 में हुई थी |
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स्तशिल्प कलाकारों के लिए बड़ी राहत – जानिए कैसे मिलेगा लाभ | Uttar Pradesh Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana
हमारे प्रदेश में अनेक कुशल शिल्पकार हैं जिनकी कला और कारीगरी ने प्रदेश को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई है। लेकिन, दुर्भाग्य से, इन शिल्पकारों को अपनी कार्य परिस्थितियों और अस्वास्थ्यकर वातावरण के कारण स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ता है, जिससे उनकी कार्यक्षमता कम हो जाती है। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए, राज्य सरकार द्वारा विशिष्ट शिल्पकारों के लिए पेंशन योजना शुरू की गई है। इस योजना के तहत, 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के वे शिल्पकार पात्र हैं जिन्हें भारत सरकार द्वारा शिल्प गुरु के रूप में चुना गया है या जिन्होंने राष्ट्रीय हस्तशिल्प पुरस्कार, राज्य हस्तशिल्प पुरस्कार या दक्षता प्रमाण पत्र प्राप्त किया है।
शारीरिक रूप से विकलांग शिल्पकारों के लिए न्यूनतम आयु सीमा में 10 वर्ष की छूट दी गई है। चालू वित्तीय वर्ष में, 150 विशिष्ट शिल्पकारों को ₹500 प्रति माह की पेंशन प्रदान की जा रही है। योजना के तहत विस्तृत नियम और शर्तें अभी शासन द्वारा निर्धारित की जा रही हैं। यह योजना प्रदेश के कुशल शिल्पकारों को सम्मान प्रदान करने और उनके बुढ़ापे में वित्तीय सहायता प्रदान करने का एक महत्वपूर्ण कदम है।
उत्तर प्रदेश राज्य सरकार की यह मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना राज्य के हस्तशिल्प कारीगरों के लिए बड़ी ही महत्वपूर्ण है इस योजना के चलते हैं राज्य में हस्तशिल्प कारीगरों को पेंशन राशि प्रदान की जाएगी जिससे कि वह अपनी कला को और मजबूती से आगे बढ़ा सकें हालांकि यह योजना उत्तर प्रदेश सरकार की “हस्तशिल्प कौशल विकास प्रशिक्षण योजना” के अंतर्गत लोगों को हस्तशिल्प कला का प्रशिक्षण और टूल किट प्रदान की जाती है और Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana के अंतर्गत ऐसी कारीगरों को पेंशन प्रदान की जाती है जो कि अपनी हस्तशिल्प कला का उपयोग करके जीवन यापन नहीं कर पा रहे हैं |
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यूपी मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना का संक्षिप्त विवरण | Brief description of UP Chief Minister Handicraft Pension Scheme
| विशेषता | विवरण |
|---|---|
| योजना का नाम | Uttar Pradesh Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana |
| योजना का प्रकार | राज्य सरकार |
| राज्य का नाम | उत्तर प्रदेश |
| किसने शुरू की | यूपी मुख्यमंत्री योगी जी ने |
| लाभार्थी | हस्तशिल्पी |
| उद्देश्य | हस्तशिल्प कलाओं को प्रख्यात करना |
| आधिकारिक वेबसाइट | https://diupmsme.upsdc.gov.in/ |
| सहायता राशि | 500 रुपये प्रतिमाह |
| आवेदन मोड | ऑनलाइन |
उत्तर प्रदेश हस्तशिल्प उद्योग पर एक नज़र | A look at Uttar Pradesh Handicraft Industry
उत्तर प्रदेश में हस्तशिल्प उद्योग की अपार सफलताएं हैं और उत्तर प्रदेश अपनी परम्परागत शैली के कारण अपने हस्तशिल्प उद्योगों में विशिष्ट स्थान रखता है। मुख्यतः बनारसी शिल्प में ब्रोकेट, भदोही व मिर्जापुर में कालीन, लखनऊ में चिकन तथा आगरा का कलात्मक संगमरमर का सामान, मुरादाबाद तथा वाराणसी में पीतल के पात्र एवं सहारनपुर में नक्काशीदार लकड़ी स्टोन आदि की माँग अन्तर्राष्ट्रीय बाजार में अधिक है। देश के कुल निर्यात में हस्तशिल्प की सहभागिता लगभग 70 प्रतिशत हैं। एन0सी0ए0आई0आर0 द्वारा वर्ष 1995-96 में कराये गये सर्वेक्षण के आधार पर दिसम्बर 1997 में प्रकाशित आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में 2,83,804 इकाईयों में 11,76,529 शिल्पी कार्यरत हैं। वर्तमान में प्रदेश में लगभग 25 लाख हस्तशिल्पी अनुमानित है। उपरोक्त सर्वेक्षण में अनुमानित उत्पादन 1800 करोड़ एवं उत्पादन लागत रू 800 करोड़ अनुमानित है। राज्य सरकार ऐसे हस्तशिल्प उद्योगों को प्रोत्साहन देने के लिए अनावरत रूप से प्रत्यनशील रही है तथा इसके समुचित विकास हेतु योजनाबद्व रूप से निम्न योजनाएं संचालित करवाई जा रही हैं।
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यूपी मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना का उद्देश्य | Objective of UP Chief Minister Handicraft Pension Scheme
- मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना का मुख्य उद्देश्य हस्तशिल्प से जुड़े कारीगरों को प्रतिमाह आर्थिक सहायता उपलब्ध करवाना है।
- इस योजना के माध्यम से प्रतिमाह लाभार्थियों को ₹500 की आर्थिक सहायता उपलब्ध करवाई जाएगी।
- जिससे कि वह अपनी जरूरतें पूरी कर सकेंगे।
- यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर नागरिकों की आर्थिक स्थिति में सुधार लाने में कारगर साबित होगी।
- इसके अलावा इस योजना के संचालन से नागरिक सशक्त एवं आत्मनिर्भर भी बनेंगे।
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यूपी मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना के तहत लाभ तथा विशेषताएं | Benefits and features under UP Chief Minister Handicraft Pension Scheme
- UP Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana 2024 को उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा आरंभ किया गया है।
- इस योजना के माध्यम से हस्तशिल्प से जुड़े कारीगरों को आर्थिक सहायता उपलब्ध करवाई जाएगी।
- यह आर्थिक सहायता नागरिकों को पेंशन के रूप में उपलब्ध करवाई जाएगी।
- इस योजना के अंतर्गत प्रतिमा ₹500 की पेंशन प्रदान की जाएगी।
- लाभ की राशि सीधे लाभार्थी के खाते में direct benefit transfer के माध्यम से वितरित की जाएगी।
- इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए कारीगर की न्यूनतम आयु 60 वर्ष से अधिक होनी चाहिए।
- इस योजना के संचालन से लाभार्थी सशक्त एवं आत्मनिर्भर भी बनेंगे।
- लाभार्थियों के जीवन स्तर में भी सुधार आएगा।
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मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना की पात्रता | Eligibility for Chief Minister Handicraft Pension Scheme
- आवेदक उत्तर प्रदेश का स्थाई निवासी होना चाहिए।
- हस्तशिल्प का भरण पोषण उसकी शिल्प कला पर आधारित होना चाहिए।
- नागरिक की न्यूनतम आयु 60 वर्ष होनी चाहिए।
- विकलांग एवं महिला शिल्पकार होने की स्थिति में नागरिक की न्यूनतम आयु सीमा में 5 वर्ष की छूट प्रदान की जाएगी।
- आवेदक किसी भी बैंक या संस्था का defaulter नहीं होना चाहिए।
- आवेदक के पास विकास आयुक्त, वस्त्र मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा निर्गत हस्तशिल्प पहचान पत्र होना अनिवार्य है।
- कारीगर के परिवार की वार्षिक आय ₹100000 से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- यदि कारीगर को किसी और सरकारी पेंशन योजना का लाभ प्रदान किया जा रहा है तो वह इस योजना का लाभ नहीं प्राप्त कर सकता।
आवेदन करने के लिए महत्वपूर्ण दस्तावेज | Important documents to apply
- आधार कार्ड (Aadhaar Card)
- निवास प्रमाण पत्र (Residence Proof)
- आय प्रमाण पत्र (Income Proof)
- आयु का प्रमाण (Age Proof)
- पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ (Passport Size Photograph)
- मोबाइल नंबर (Mobile Number)
- ईमेल आईडी (Email ID)
- हस्तशिल्प पहचान पत्र (Handicraft Identity Card)
- बैंक खाता विवरण (Bank Account Details)
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यूपी मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना में आवेदन कैसे करें? | How to apply for UP Chief Minister Handicraft Pension Scheme?
- उत्तर प्रदेश की आधिकारिक वेबसाइट http://diupmsme.upsdc.gov.in/ पर जाएं
- होमपेज पर, नीचे स्क्रोल कर “मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना” सेक्शन में आ जाए
- इसके बाद, मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना भाग में “ऑनलाइन आवेदन करें” लिंक पर क्लिक करें
- एक नया पेज खुलेगा | इस पेज पर आपको दो options दिखाई देंगे, पहला “पंजीकृत उपयोगकर्ता लॉगिन” और “नवीन उपयोगकर्ता पंजीकरण” |
- जिन लोगों का पंजीकरण हो चूका है वो लोग ” पंजीकृत उपयोगकर्ता लॉगिन” के option पर क्लिक करे, और जिन लोगों का पंजीकरण नहीं हुआ है वो लोग “नवीन उपयोगकर्ता पंजीकरण” वाले ऑप्शन पर क्लिक करे |
- अब आपको आवेदन करने के लिए ” नवीन उपयोगकर्ता पंजीकरण” पर क्लिक करना होगा, नीचे दी गई image को ध्यान से देखे |
- इसके बाद नवीन पंजीकरण फॉर्म खुलेगा | जिसमें आवश्यक जानकारियों को भरकर सबमिट करें |
- ध्यान रहे “चयन करे” पर क्लिक करके “मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना” का चयन करना होगा |
- सभी महत्वपूर्ण जानकारी भरने के बाद मोबाइल से ओटीपी को सत्यापित करना होगा, जिसके बाद आपका आवेदन सफलतापूर्वक जमा हो जाएगा
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FAQs on Mukhyamantri hastshilp pension yojana
Q. UP Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana का उद्देश्य क्या है?
उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री हस्तशिल्प पेंशन योजना का उद्देश्य प्रदेश के कुशल शिल्पकारों को, जिन्होंने अपनी कला और कारीगरी के माध्यम से प्रदेश को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई है, उनके बुढ़ापे में वित्तीय सहायता प्रदान करना है।
Q. कौन से शिल्पकार इस योजना के लिए पात्र हैं?
- वे शिल्पकार जो भारत सरकार द्वारा शिल्प गुरु के रूप में चुने गए हैं।
- वे शिल्पकार जिन्होंने राष्ट्रीय हस्तशिल्प पुरस्कार, राज्य हस्तशिल्प पुरस्कार या दक्षता प्रमाण पत्र प्राप्त किया है।
- न्यूनतम आयु 60 वर्ष होनी चाहिए (शारीरिक रूप से विकलांग शिल्पकारों के लिए 50 वर्ष)।
- उत्तर प्रदेश का निवासी होना चाहिए।
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Q. UP Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana के तहत कितनी पेंशन मिलती है?
इस योजना के तहत, वर्तमान में ₹500 प्रति माह की पेंशन प्रदान की जा रही है।
Q. योजना के बारे में अधिक जानकारी कहाँ से प्राप्त कर सकते हैं?
आप योजना के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने जिले के हस्तशिल्प विकास कार्यालय या उत्तर प्रदेश हस्तशिल्प विकास परिषद की वेबसाइट https://uphastkala.in/ पर जा सकते हैं।
Q. क्या UP Mukhyamantri Hastshilp Pension Yojana में कोई बदलाव हो सकता है?
हाँ, योजना में समय-समय पर राज्य सरकार द्वारा बदलाव किए जा सकते हैं।
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